हरिद्वार में दंडवत यात्रा का दूसरा दिन
हरिद्वार। धर्मनगरी हरिद्वार में तृतीय मठाधिपति करौली शंकर महादेव के नेतृत्व में निकाली जा रही दंडवत यात्रा दूसरे दिन भी जारी रही। सरकारी सूचना के अनुसार, देश के विभिन्न राज्यों से पहुंचे 15 हजार से अधिक अनुयायी इस यात्रा में शामिल हो रहे हैं। बारिश के बावजूद श्रद्धालुओं का उत्साह बना हुआ है।
यात्रा के दूसरे दिन श्रद्धालुओं द्वारा मां गंगा की स्वच्छता का संकल्प लेने के साथ गंगा घाटों पर सफाई अभियान में भाग लेने का कार्यक्रम है। इस पहल का उद्देश्य गंगा को स्वच्छ एवं प्रदूषण मुक्त बनाने के प्रति लोगों को जागरूक करना और सामूहिक जनभागीदारी को बढ़ावा देना है।
गंगा स्वच्छता और कुंभ-2027 को लेकर जागरूकता पर जोर
सरकारी सूचना के मुताबिक, दंडवत यात्रा के माध्यम से गंगा की स्वच्छता, सनातन संस्कृति के संरक्षण और देश की अखंडता का संदेश जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। इसके साथ ही वर्ष 2027 में हरिद्वार में आयोजित होने वाले कुंभ को दिव्य, भव्य और स्वच्छ बनाने के लिए अभी से लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने पर जोर दिया जा रहा है।
करौली शंकर महादेव ने कहा कि मां गंगा की स्वच्छता केवल किसी एक व्यक्ति या संस्था की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि यह सभी का सामूहिक दायित्व है। उन्होंने कहा कि यात्रा के माध्यम से श्रद्धालु गंगा को प्रदूषण मुक्त बनाने और सनातन संस्कृति के संरक्षण का संदेश लोगों तक पहुंचा रहे हैं।
आने वाली पीढ़ियों के लिए गंगा की पवित्रता सुरक्षित रखने की अपील
करौली शंकर महादेव के अनुसार, कुंभ-2027 को दिव्य और भव्य बनाने के लिए जनभागीदारी बेहद जरूरी है। यात्रा में शामिल श्रद्धालु गंगा स्वच्छता का संकल्प लेकर अन्य लोगों को भी जागरूक करेंगे, ताकि गंगा की पवित्रता और सांस्कृतिक विरासत को आने वाली पीढ़ियों के लिए सुरक्षित रखा जा सके।
आम लोगों के लिए क्या है इसका महत्व?
इस यात्रा के माध्यम से गंगा स्वच्छता को केवल धार्मिक आस्था तक सीमित न रखकर सामूहिक सामाजिक जिम्मेदारी के रूप में सामने लाने का प्रयास किया जा रहा है। हरिद्वार आने वाले श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों के लिए इसका संदेश है कि गंगा घाटों की स्वच्छता बनाए रखने में सभी की भागीदारी जरूरी है।
कुंभ-2027 की तैयारियों के बीच इस तरह के जनजागरूकता अभियान स्वच्छता और जनसहभागिता के महत्व को भी रेखांकित करते हैं।




















