रुद्रप्रयाग:सभी विभागों, रेस्क्यू टीमों और फील्ड अधिकारियों को 24 घंटे सतर्क रहने के निर्देश, संवेदनशील क्षेत्रों की लगातार निगरानी
रुद्रप्रयाग। मौसम विभाग द्वारा भारी वर्षा की चेतावनी जारी किए जाने के बाद रुद्रप्रयाग जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है। संभावित आपदा स्थितियों से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों और राहत एजेंसियों को चौबीसों घंटे सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं।
जिलाधिकारी विशाल मिश्रा ने जिला आपदा परिचालन केंद्र (कंट्रोल रूम) पहुंचकर आपदा प्रबंधन की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने राहत एवं बचाव संसाधनों, संचार व्यवस्था, मशीनरी और विभिन्न विभागों की तैयारियों का जायजा लिया तथा अधिकारियों को किसी भी आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
रुद्रप्रयाग: जिलाधिकारी ने बताया कि बुधवार से जनपद में लगातार बारिश हो रही है, जिसके चलते कई स्थानों से भूस्खलन की सूचनाएं मिली हैं। जहां-जहां मलबा आने से सड़कें बाधित हुई थीं, वहां संबंधित विभागों द्वारा युद्धस्तर पर सफाई अभियान चलाकर अधिकांश मार्गों पर यातायात बहाल कर दिया गया है। शेष मार्गों को भी जल्द खोलने के प्रयास जारी हैं।
उन्होंने कहा कि जिला आपदा परिचालन केंद्र के माध्यम से भूस्खलन संभावित क्षेत्रों और संवेदनशील स्थानों की लगातार निगरानी की जा रही है। साथ ही सभी विभागों को आवश्यक मशीनरी, उपकरण और मानव संसाधन हर समय तैयार रखने के निर्देश दिए गए हैं ताकि किसी भी आपात स्थिति में तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया जा सके।
नदियों के जलस्तर पर लगातार नजर
जिलाधिकारी ने बताया कि जनपद की सभी प्रमुख नदियों के जलस्तर की नियमित निगरानी की जा रही है। वर्तमान में किसी भी नदी का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर नहीं है, फिर भी हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है। जलविद्युत परियोजनाओं के साथ भी समन्वय बनाए रखा गया है ताकि आवश्यकता पड़ने पर पानी छोड़े जाने की सूचना समय रहते स्थानीय लोगों और यात्रियों तक पहुंचाई जा सके।
केदारनाथ यात्रा सामान्य, सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह सक्रिय
रुद्रप्रयाग: जिलाधिकारी ने कहा कि श्री केदारनाथ धाम यात्रा फिलहाल सुचारु रूप से संचालित हो रही है। हालांकि मानसून और मौसम की स्थिति को देखते हुए यात्रा मार्ग पर विशेष निगरानी रखी जा रही है। सुरक्षा, स्वास्थ्य, यातायात और आपदा प्रबंधन से जुड़े सभी विभाग सक्रिय हैं। आवश्यकता पड़ने पर यात्रियों को सुरक्षित स्थानों पर रोककर ही आगे जाने की अनुमति दी जा रही है।
प्रशासन की अपील
जिला प्रशासन ने नागरिकों और यात्रियों से अपील की है कि लगातार वर्षा के दौरान नदियों, गदेरों और बरसाती नालों के आसपास जाने से बचें। साथ ही भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में अनावश्यक यात्रा न करें और मौसम विभाग व प्रशासन द्वारा जारी एडवाइजरी का पालन करें।
प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया कि किसी भी आपात स्थिति या घटना की सूचना तत्काल जिला आपदा कंट्रोल रूम अथवा संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों को दें। मानसून के दौरान पूरे जनपद में सभी विभागों को हाई अलर्ट पर रखा गया है, ताकि किसी भी संभावित आपदा से प्रभावी और त्वरित तरीके से निपटा जा सके।





















