IIT Roorkee
देहरादून, 8 अक्टूबर 2026। भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान रुड़की (IIT Roorkee) और कनाडा की University of Calgary ने Joint Doctoral Degree Program (JDDP) शुरू करने के लिए समझौता किया है। PIB Dehradun के अनुसार, यह समझौता दोनों संस्थानों के बीच शैक्षणिक आदान-प्रदान, संयुक्त अनुसंधान और तकनीकी विकास को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
समझौते पर कनाडा के Calgary में आयोजित एक समारोह के दौरान हस्ताक्षर किए गए। कार्यक्रम में IIT Roorkee के निदेशक प्रो. के. के. पंत, Dean International Relations प्रो. करुण रावत, Dean Academic Affairs प्रो. नवीन नवानी सहित संस्थान के अन्य अधिकारी और संकाय सदस्य मौजूद रहे। University of Calgary की ओर से Provost एवं Vice President (Academic) डॉ. Sandra Davidson, Faculty of Graduate Studies की Vice-Provost एवं Dean डॉ. Tara Beattie सहित अन्य अधिकारी शामिल हुए।
किन क्षेत्रों में होगी संयुक्त रिसर्च?
सरकारी जानकारी के अनुसार, Joint Doctoral Degree Program के तहत दोनों संस्थान कई महत्वपूर्ण और उभरते क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाएंगे। इनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं:
- Sustainable Development
- Clean Energy
- Circular Economy
- Water and Wastewater Management
- Critical Minerals
- Semiconductor Ecosystem से जुड़ी Technologies
इस सहयोग का उद्देश्य संयुक्त शोध को आगे बढ़ाने के साथ ऐसी तकनीकों के विकास पर जोर देना है, जिन्हें सामाजिक और औद्योगिक जरूरतों से जोड़ा जा सके।
PhD Scholars को क्या मिलेगा लाभ?
Joint Doctoral Degree Program के तहत डॉक्टोरल स्कॉलर्स को दोनों संस्थानों के शैक्षणिक और शोध वातावरण से जुड़ने का अवसर मिलेगा। PIB के मुताबिक, छात्रों को Joint Supervision, interdisciplinary research exposure और दोनों विश्वविद्यालयों के academic तथा research ecosystems तक पहुंच का लाभ मिलेगा।
इसका मतलब है कि कार्यक्रम में शामिल शोधार्थियों को दोनों संस्थानों के विशेषज्ञों के साथ मिलकर शोध करने और अलग-अलग विषयों को जोड़कर अनुसंधान करने का अवसर मिल सकता है।
हालांकि, सरकार की ओर से जारी इस घोषणा में प्रोग्राम में प्रवेश की पात्रता, सीटों की संख्या, आवेदन प्रक्रिया, फीस, पाठ्यक्रम की अवधि या पहली बैच की शुरुआत की तारीख की जानकारी नहीं दी गई है।
Research को Technology और Innovation से जोड़ने पर जोर
IIT Roorkee और University of Calgary के बीच हुए इस समझौते में केवल academic research ही नहीं, बल्कि research को technology-based solutions में बदलने पर भी जोर दिया गया है।
PIB के अनुसार, partnership में innovation, entrepreneurship, technology commercialisation और societal impact को प्रमुखता दी गई है। दोनों संस्थानों का उद्देश्य संयुक्त शोध के जरिए ऐसी तकनीकों और समाधानों को विकसित करना है, जिनका सामाजिक और औद्योगिक स्तर पर उपयोग हो सके।
Semiconductor और Critical Minerals पर भी सहयोग
इस साझेदारी में critical minerals और भारत के बढ़ते semiconductor ecosystem से जुड़ी technologies को भी शामिल किया गया है। ये क्षेत्र तकनीकी विकास और औद्योगिक अनुसंधान के लिहाज से महत्वपूर्ण माने जाते हैं, हालांकि इस समझौते के तहत किसी विशेष semiconductor project या specific technology की घोषणा PIB की इस रिलीज में नहीं की गई है।
दोनों संस्थानों ने क्या कहा?
IIT Roorkee के निदेशक प्रो. के. के. पंत ने कहा कि Joint Doctoral Degree Program दोनों संस्थानों के बीच गहरी और रणनीतिक academic partnership की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। उनके अनुसार, दोनों संस्थानों की विशेषज्ञता को साथ लाकर interdisciplinary research, globally competitive doctoral talent और research को technology में बदलने के नए अवसर तैयार किए जा सकते हैं।
वहीं University of Calgary की Provost एवं Vice President (Academic) डॉ. Sandra Davidson ने कहा कि international academic partnerships research को आगे बढ़ाने और छात्रों को globally connected world के लिए तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। उन्होंने कहा कि Joint PhD agreement दोनों संस्थानों के बीच पहले से मौजूद सहयोग को आगे बढ़ाएगा और doctoral students तथा faculty के लिए संयुक्त रूप से research करने के अवसर पैदा करेगा।
पाठकों के लिए इसका क्या मतलब है?
इस समझौते का सबसे सीधा असर उच्च शिक्षा और research के क्षेत्र में दिखाई दे सकता है। Joint Doctoral Degree Program के माध्यम से IIT Roorkee और University of Calgary के शोधार्थियों तथा faculty के बीच सहयोग बढ़ाने का रास्ता तैयार हुआ है।
विशेष रूप से Clean Energy, Sustainable Development, Water Management, Circular Economy, Critical Minerals और Semiconductor-related technologies जैसे क्षेत्रों में संयुक्त शोध को बढ़ावा मिलने की संभावना है।
हालांकि, अभी यह कहना जल्दबाजी होगी कि इस समझौते से कितने छात्रों को प्रवेश मिलेगा या इससे कौन-कौन सी specific technologies विकसित होंगी। PIB की मौजूदा घोषणा में इनका विस्तृत विवरण उपलब्ध नहीं कराया गया है।
आधिकारिक स्रोत
यह रिपोर्ट PIB Dehradun द्वारा 8 अक्टूबर 2026 को जारी आधिकारिक सरकारी घोषणा पर आधारित है। इसमें IIT Roorkee और University of Calgary के Joint Doctoral Degree Program से संबंधित उपलब्ध आधिकारिक जानकारी को मूल रूप से प्रस्तुत किया गया है।
























